नानक नाम चढ़दी कला तेरे भाणे सरबत दा भला -: चन्द्र शेखर आईएएस

रोड सेफ्टी ओमनी फाउंडेशन ट्रस्ट की टीम ने आज चन्द्र शेखर जी आईएएस एक्स डिविजनल कमिश्नर हरियाणा सरकार एवं सदस्य (रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी रेरा ) हरियाणा सरकार को सभी गुरु साहिबान जी की तस्वीर,शाल एवं फ़ूल देकर स्वागत किया गया इस बार श्री गुरु नानक देव जी का “प्रकाश पर्व” 5 नवंबर 2025 को मनाया जायेगा .यह श्री गुरु नानक देव जी की 556वीं जन्म “प्रकाश पर्व” वर्षगांठ होगी. श्री गुरु नानक देव जी का “प्रकाश पर्व” सिख धर्म का सबसे महत्वपूर्ण और पवित्र “प्रकाश पर्व” है. यह दिन सिख धर्म के प्रथम गुरु और संस्थापक श्री गुरु नानक देव जी के जन्म दिवस “प्रकाश पर्व” के उपलक्ष्य में मनाया जाता है. इस पर्व को “गुरुपरब”, “प्रकाश पर्व” या श्री गुरु नानक देव जी का गुरुपरब” भी कहा जाता है.
प्रकाश पर्व से दो दिन पहले श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का निरंतर 48 घंटे का पाठ किया जाता है, जिसे “अखंड पाठ” कहते हैं. “प्रकाश पर्व” से एक दिन पहले नगर कीर्तन पुरे देश,प्रदेश एवं विदेश में निकाला जाता है. इसमें “पंज प्यारे” (सिख धर्म के पांच प्रियजन) सबसे आगे आगे नगर कीर्तन में चलते हैं, उनके पीछे पीछे श्रद्धालु सभी कीर्तन करते करते चलते हैं और श्री निशान साहिब जी (सिख ध्वज) लहराते हैं. श्री गुरु नानक देव जी “प्रकाश पर्व” के दिन सभी गुरुद्वारों में विशेष कीर्तन दरबार और कथा ,प्रवचन आयोजित होते हैं. इस “प्रकाश पर्व” पर श्री गुरु नानक देव जी के जीवन, विचारों और शिक्षाओं को याद किया जाता है.
बोले सो निहाल सत श्री अकाल वाहेगुरु जी वाहेगुरु जी बोले सो निहाल सत श्री अकाल
वहीं इस दिन को हिंदू धर्म में कार्तिक पूर्णिमा महत्वपूर्ण गंगा स्नान के रूप में भी बनातें हैं इस दिन पर भगवान विष्णु और महादेव की आराधना करने के विशेष महत्व माना गया है। साथ ही इस दिन पर देव दीपावली भी मनाई जाती है कार्तिक पूर्णिमा का दिन हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र और पुण्यदायी माना गया है। इस दिन गंगा स्नान, व्रत, दान और दीपदान करने से मनुष्य को अनंत पुण्य की प्राप्ति होती है
आज इस सुनहरे यादगार अवसर पर स्टेट रोड सेफ्टी काउंसिल हरियाणा सरकार के सदस्य सरदार देवेंद्र सिंह एवं रोड सेफ्टी ओमनी फाउंडेशन की टीम से विवेक चंडोक , बिजेंद्र सैनी , नरेंद्र सैनी व कैलाश लाम्बा जी मौके पर मोजूद रहे



