अखिल भारतीय मानव कल्याण ट्रस्ट ने संत कबीर दास की जयंती पर विशेष स्वास्थ्य पर चर्चा :- डॉ ह्रदयेश कुमार

संत कबीर दास की जयंती पर डॉ ह्रदयेश कुमार ने अपनी नई किताब,( राष्ट का स्वास्थ्य मेरा जीवन ) नाम का विमोचन किया इस किताब में प्रकाशित सामग्री आप के स्वास्थ्य पर विशेष रूप से ध्यान से प्रकाशित की गई है जो ISBN No के साथ प्रकाशित है
अखिल भारतीय मानव कल्याण ट्रस्ट के संस्थापक डॉ ह्रदयेश कुमार ने तिरखा कॉलोनी शिव मंदिर बल्लभगढ़ फरीदाबाद में
संत कबीर जयंती पर विशेष स्वास्थ्य पर चर्चा आयोजित करते हुए बताया कि महान कवि, समाज सुधारक और दार्शनिक संत कबीर दास जी के जन्म की स्मृति में मनाया जाने वाला पर्व है।
संत कबीर जी का जीवनकाल लगभग १४४० से १५१८ ईस्वी के बीच माना जाता है।कबीर दास जी ने जाति-पाति, धर्म के विभाजन और पाखंड का कड़ा विरोध किया तथा एक ईश्वर और मानवता पर बल दिया। उनके प्रसिद्ध दोहे (साखी) आज भी समाज को शांति, सद्भाव और सही दिशा प्रदान करते हैं। उनकी मुख्य रचनाओं में बीजक, साखी, कबीर ग्रंथावली और अनुराग सागर शामिल हैं। उनके कई पदों को सिख धर्म के पवित्र ग्रंथ गुरु ग्रंथ साहिब में भी शामिल किया गया है।
उनकी रचनाओं का इतना गहरा प्रभाव था कि सिख धर्म के पांचवें गुरु, गुरु अर्जन देव जी ने कबीर के अधिकांश साहित्य को एकत्रित करके ‘गुरु ग्रंथ साहिब’ में भी शामिल किया
इनका जन्म (लगभग 1398 – 1518) पंद्रहवीं सदी के एक महान भारतीय रहस्यवादी कवि, संत और समाज सुधारक थे वे हिंदी साहित्य के ‘भक्तिकाल’ की ‘निर्गुण ज्ञानमार्गी शाखा’ के प्रमुख कवि थे कबीर ने जाति-पाति, मूर्ति पूजा और धार्मिक पाखंडों का कड़ा विरोध करते हुए हिंदू और इस्लाम दोनों धर्मों की कुरीतियों का विरोध किया था इस लिए आज हम सभी को इस मौसम में अपनी सेहत पर विशेष ध्यान देना जरूरी है
मानसून और बदलते मौसम में बीमारियों से बचने के लिए हाइड्रेटेड रहना, घर का बना ताजा खाना खाना, और व्यक्तिगत स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना जरूरी है इस दौरान मच्छरों से बचाव और नमी से होने वाले संक्रमण से सावधान रहना बहुत महत्वपूर्ण है मौसम के अनुसार स्वास्थ्य देखभाल के प्रमुख उपाय:स्वच्छता और बचाव बार-बार हाथ धोएं और उमस के कारण होने वाले फंगल संक्रमण से बचने के लिए त्वचा व पैरों को सूखा रखें खान-पान स्ट्रीट फूड और बाहर कटे हुए फलों से बचें सलाद और हरी सब्जियों को गर्म पानी से अच्छी तरह धोकर इस्तेमाल करें इसके अलावा नींबू पानी, नारियल पानी, और ताजे फलों के जूस का सेवन करें पैकेटबंद और कृत्रिम रूप से मीठे पेय पदार्थों से बचें मच्छरों से बचाव करें पानी को साफ रखें और मच्छरों से बचने के लिए पूरी बाजू के कपड़े पहनें या मॉस्किटो रिपेलेंट का इस्तेमाल करें रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्युनिटी) अपनी डाइट में रंग-बिरंगे फल और हरी सब्जियां शामिल करें विटामिन-सी और जिंक से भरपूर आहार लें यदि आपको मौसम में बदलाव के कारण वायरल, फ्लू, या एलर्जी (जैसे- सर्दी-खांसी, त्वचा पर चकत्ते) के लक्षण महसूस होते हैं, तो अपने नज़दीक अस्पताल या विशेषज्ञ डॉक्टर से स्वास्थ्य संबंधी विस्तृत जानकारी सहित संपर्क करें कर अधिक गंभीर स्थिति होने पर हमेशा अपने डॉक्टर से परामर्श करें इस अवसर पर
ट्रस्ट के पदाधिकारी शिव शंकर राय, सुबोध कुमार साह, ओमप्रकाश गौड़, देवेन्द्र ठाकुर, रितु पांडे, आदित्य अग्रवाल, सचिन कुमार, विकास ठाकुर यादवेन्द्र शर्मा, पंडित तरसेम शर्मा, विमलेश देवी और मनीषा देवी मौजूद रहे



